बदायूं में एक अधेड़ महिला के साथ बेहद क्रूरता के साथ बलात्कार किया गया और हत्या कर दी गई। अभियुक्तों में एक मंदिर के पुजारी और दो उनके दो सहयोगी हैं। पुलिस ने इस मामले में दो लोगों को गिरफ़्तार किया है। थाना प्रभारी को निलंबित कर दिया गया है। 

पुजारी पर आरोप

पचास साल की एक आंगनबाड़ी सहायिका 3 जनवरी की शाम पूजा करने मंदिर गई, लेकिन वह वहाँ से लौट कर अपने घर नहीं जा सकी। पीड़िता के बेटे का कहना है कि मंदिर के पुजारी दो लोगों के साथ उसकी माँ का शव लेकर आए और बिना कुछ बताए शव छोड़ कर चले गए। 

पीड़िता के परिवार वालों ने पुजारी पर बलात्कार और हत्या के आरोप लगाए हैं। इसके साथ ही उन्होंने यह भी कहा है कि पुलिस वालों ने समय पर प्राथमिकी दर्ज नहीं कराई और इसमें जानबूझ कर देरी की। पुलिस को इस कांड की जानकारी सोमवार को ही दी गई थी, उसने बाद में शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा।

मंदिर के पुजारी सत्यनारायण दास ने पुलिस से कहा कि वह महिला मंदिर परिसर स्थित कुएं में गिर पड़ी, उसकी चीख-पुकार सुन वह वहाँ गए और दो लोगों की मदद से उसे बाहर निकाला।  ख़ास ख़बरें

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बलात्कार की पुष्टि

लेकिन महिला की पोस्टमार्टम रिपोर्ट में बलात्कार की पुष्टि हुई है। रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि पीड़िता के यौनांग में चोट के निशान थे और उसके पैर टूटे हुए थे। 

इस कांड के कई घंटे बाद पुलिस हरकत में आई और तीन लोगों के ख़िलाफ एफ़आईआर दर्ज कर छानबीन शुरू की।  बदाऊँ के वरिष्ठ पुलिस सुपरिटेंडेंट संकल्प शर्मा ने पत्रकारों से कहा कि मामले की जाँच और सभी लोगों की गिरफ़्तारी के लिए चार पुलिस टीम बनाई गई हैं। 

पुलिस पर सवाल

लेकिन पुलिस की भूमिका पर सवाल खड़े हो रहे हैं। स्थानीय मीडिया रिपोर्टों के अनुसार, इंस्पेक्टर राघवेंद्र प्रताप सिंह ने दावा किया था कि महिला कांस्टेबल से पीड़िता के शरीर की जाँच करवाई गई थी, शरीर पर चोट का निशान नहीं पाया गया था। लेकिन पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट में चोट के निशान की बात साफ तौर पर कही गई है। इसके अलावा थाना प्रभारी ने मामले की रिपोर्ट मिलने के 18 घंटे बाद एफ़आईआर दर्ज किया।

एसएसपी ने कहा कि थाना प्रभारी ने सूचना मिलते ही कार्रवाई नहीं की। पहली नज़र में ऐसा लगता है कि उन्होंने बलात्कार की बात छुपाने की कोशिश की थी।
  • मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, पूरे कांड में क्रूरता बरती गई। पीड़िता के प्राइवेट पार्ट में रॉड घुसेड़ दी गई, खून बहने पर रूई ठूंस दिया गया है। 

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