Sunday, July 26th, 2026 | 6:05 AM

18 बडे ब्राड के नाम पर बन रहा था नकली घी… यूरिया.. पाम आयल.. खतरनाक केमिकल का करते थे उपयोग..

by Amjad Shaikh


प्रदेशवार्ता. नकली घी बनाने वाले शातिर गिरोह का भंडाफोड हुआ हैं. सेहत से खिलवाड करते हुए घी बनाने के लिए यूरिया, पाम आयल और खतरनाक केमिकल का उपयोग किया जाता था. किसी को शक न हो इसके लिए बडे बडे 18 ब्रांड का नाम से नकली घी बाजार में खपा देते थे. अमूल, पतंजलि के नाम पर भी जहर बेचा जा रहा था.
उत्तर प्रदेश के आगरा में नकली घी बनाने वाली तीन फैक्ट्रियों का भंडाफोड़ हुआ है। पतंजलि, अमूल और पारस जैसे 18 बड़े ब्रांड के नाम पर नकली घी तैयार कर इसे उत्तर भारत के विभिन्न राज्यों में सप्लाई किया जा रहा था। नकली घी बनाने में यूरिया, पाम आयल और अन्य खतरनाक केमिकल का उपयोग किया जा रहा था.
पुलिस ने 2 जनवरी को थाना ताजगंज क्षेत्र में तीन अवैध फैक्ट्रियों पर छापा मारा। ये फैक्ट्रियां ‘श्याम एग्रो’ के नाम से पंजीकृत थीं और इनके मालिक ग्वालियर के नीरज अग्रवाल बताए गए हैं। पहली फैक्ट्री में नकली घी बनाया जाता था, दूसरी में रॉ मटेरियल रखा जाता था, और तीसरी फैक्ट्री में तैयार घी का स्टॉक रखा जाता था।
छापेमारी में लगभग 2500 किलो रॉ मटेरियल, नकली घी, 18 बड़े ब्रांड के स्टिकर, और पैकेजिंग मटेरियल जब्त किए गए। पुलिस ने फैक्ट्री में काम कर रहे चार मजदूरों और एक मैनेजर को हिरासत में लिया। पूछताछ में पता चला कि तैयार नकली घी उत्तर प्रदेश, राजस्थान, हरियाणा, जम्मू-कश्मीर और उत्तराखंड जैसे राज्यों में भेजा जा रहा था।
डीसीपी नगर सूरज कुमार राय ने बताया कि गुरुवार को 50 टिन नकली घी एक ट्रक के जरिए मेरठ भेजा गया था। पुलिस ट्रक का पता लगाने में जुटी है। नकली घी की गुणवत्ता जांच के लिए सैंपल खाद्य विभाग को भेजे गए हैं।
मामले में दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाएगी और नकली उत्पादों की सप्लाई चेन का पूरा खुलासा किया जाएगा। नकली घी की अनुमानित कीमत का आकलन किया जा रहा है।

You may also like